लोजपा सुप्रीमो व जमुई के सांसद चिराग पासवान ने कहा कि चाचा पशुपति पारस को अगर उनसे किसी तरह की शिकायत थी तो वे उनसे बात करते। अगर उनसे बात करने में किसी तरह की परेशानी थी तो मां से विचार विमर्श करते। लेकिन मंत्री बनने के लालच में उन्होंने जो कदम उठाया उससे राजनीति में उभर रहे परिवार के अन्य लोगों पर ग्रहण लग गया है। 

आर्शीवाद यात्रा के क्रम में समस्तीपुर आगमन पर रात्रि विश्राम के बाद परिसदन में वे गुरुवार सुबह हिन्दुस्तान से विशेष बात कर रहे थे। इस दौरान परिवार के बिखराव पर उन्होंने दर्द भी बयां किया। उन्होंने कहा कि चाचा परिवार के मुखिया थे। लेकिन अपने अपने स्वार्थ में प्रिंस राज और कृष्ण राज के साथ-साथ अपने पुत्र के राजनीतिक भविष्य की चिंता नहीं की। जहां प्रिंस राज राजनीति में अभी अनुभवी नहीं हुए हैं और कृष्ण राज ने तो अभी राजनीति में कदम ही रखा है। 

चिराग ने कहा कि चाचा और पार्टी के सांसदों ने सिर्फ अपनी महत्वकांक्षा की पूर्ति के लिए पार्टी को धोखा दिया है। आने वाले दिनों में सभी को अपनी गलती का अहसास होगा। लोजपा सुप्रीमो ने कहा कि उन्होंने संघर्ष का जो रास्ता अपनाया है उससे उन्हें अपार जनसमर्थन मिल रहा है। जिससे उन्हें पार्टी को फिर से खड़ा करने में किसी तरह की कठिनाई का सामना नहीं करना होगा।

उन्होंने कहा कि पार्टी के 95 प्रतिशत कार्यकर्ता और पदाधिकारी आज भी पार्टी के साथ जुड़े हुए हैं। वहीं आर्शीवाद यात्रा में उन्हें लोगों का स्नेह और प्यार मिल रहा है। भाजपा से उम्मीद के संबंध में पूछे गये सवाल के जवाब में चिराग ने सिर्फ इतना ही कहा कि जब अपनों ने ही धोखा दिया तो दूसरे से उम्मीद करना बेमानी है। 

उन्होंने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पर बदला लेने के लिए लोजपा को तोड़ने का आरोप लगाया और कहा कि राज्य में मुख्यमंत्री का ग्राफ तेजी से गिरता जा रहा है। अपनी पार्टी के समर्पित लोगों की उपेक्षा कर मुख्यमंत्री ने चाचा पशुपति पारस को मंत्री बनवाने में जिस तरह का जोर लगाया उससे पार्टी में गहरी नाराजगी है। इसका असर आने वाले दिनों में दिखेगा। 

उन्होंने कहा कि जदयू में जल्द ही बड़ी टूट होगी जिससे बिहार में मध्यावधि चुनाव संभावित है। चुनावी गठबंधन के संबंध में पूछे गये सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि चुनाव के समय गठबंधन की रूपरेखा पर विचार किया जाएगा। इसके साथ ही कहा कि बिहार में भाजपा के पास मुख्यमंत्री का कोई चेहरा नहीं है। ऐसे में बिहार की जनता तेजस्वी और उनकी ओर देख रही है। 

परिसदन में मिलने के लिए लगी रही भीड़

समस्तीपुर आगमन पर रात्रि विश्राम के बाद गुरुवार सुबह चिराग पासवान से मिलने के लिए जिले के विभिन्न हिस्सों से लोगों की भीड़ उमड़ी रही। सभी ने उनके नेतृत्व में पार्टी में आस्था जताने के साथ संघर्ष में हर कदम पर साथ देने का भरोसा दिलाया। उनसे मिलने आये लोग गुलदस्ते भी भेंट कर रहे थे।

ग्रहण की लोजपा की सदस्यता

पूर्व जिला पार्षद व कांग्रेस नेता अनुपम सिंह हीरा अपने समर्थकों के साथ चिराग पासवान के समक्ष लोजपा में शामिल होने की घोषणा की। उनके अलावा पूर्व जिला पार्षद संतोष पासवान ने भी अपने समर्थकों के साथ लोजपा की सदस्यता ग्रहण की। 

राजद की समीक्षा बैठक 11 को

कर्पूरी आश्रम स्थित जिला राजद कार्यालय में राजद के प्रखंड प्रभारियों की 11 जुलाई को समीक्षा बैठक होगी। इसमें 5 जुलाई को संपन्न हुए पार्टी के रजत जयंती समारोह की समीक्षा की जायेगी। यह जानकारी राजद के जिला प्रवक्ता राकेश कुमार ठाकुर ने दी।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here