अफगानिस्तान में बिगड़ते हालात के बीच एयर इंडिया का विमान एआई 244 काबुल से 129 यात्रियों को लेकर दिल्ली पहुंचा। इन यात्रियों में राजनयिक और अधिकारी शामिल हैं। बता दें कि करीब एक घंटे तक हवा में मंडराने के बाद इस विमान को काबुल में लैंड करने की अनुमति मिली थी। विमान के पायलट ने विमान के राडार को बंद कर दिया था ताकि हवा में उसे कोई निशाना न बना सके। विमान के दिल्ली में सफलतापूर्वक लैंड करने के बाद समाचार एजेंसी एएनआई ने इसके यात्रियों से बात की। पढ़िए काबुल से लौटे यात्रियों ने कैसे बयां किया वहां का हाल.

राेते हुए बोली, अब महिलाओं को वहां कोई अधिकार नहीं मिलेगा’
इसी विमान पर सवार होकर आई एक महिला ने भी अपना दर्द बयां किया। रोते हुए इस महिला ने बताया कि मुझे यकीन नहीं हो रहा है कि दुनिया ने इस तरह से अफगानिस्तान का साथ छोड़ दिया। हमारे तमाम दोस्त अब मार दिए जाएंगे। तालिबान हमारे लोगों की हत्या कर देंगे। इस महिला ने कहा कि अब हमारी महिलाओं को वहां पर कोई अधिकार नहीं मिलेगा। काबुल से दिल्ली पहुंची इस महिला के चेहरे पर खौफ साफ नजर आ रहा था। 

जो हुआ उसके जिम्मेदार अशरफ गनी: जमील करजई 
इस विमान में अफगान के पूर्व राष्ट्रपति हामिद करजई के रिश्तेदार और पूर्व सांसद जमील करजई भी सवार। दिल्ली एयरपोर्ट पर उतरने के बाद जमील करजई ने बताया कि जब मैंने शहर छोड़ा तो तालिबान ने शहर पर कब्जा कर लिया था। मेरे ख्याल से अब काबुल में नई सरकार बनेगी। उन्होंने कहा कि जो कुछ भी हुआ है उसके जिम्मेदार अशरफ गनी हैं। उन्होंने अफगानिस्तान को धोखा दिया है। लोग उन्हें कभी माफ नहीं करेंगे। 

लोग बैंकों की तरफ भाग रहे थे: अब्दुल्लाह मसूदी, बीबीए छात्र
इसी फ्लाइट से बेंगलुरू के रहने वाले अब्दुल्लाह मसूदी भी दिल्ली पहुंचे। अब्दुल्लाह बीबीए की पढ़ाई कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि लोग बैंकों की तरफ भाग रहे थे। मैंने तो वहां पर कोई हिंसा नहीं देखी, लेकिन इसका यह मतलब नहीं कि वहां हिंसा नहीं हो रही थी। उन्होंने बताया कि उनका भारत आना पहले से तय था। वहीं अभी भी उनका परिवार अफगानिस्तान में है। अब्दुल्लाह के मुताबिक काफी लोगों ने काबुल छोड़ दिया है। 

काबुल में हालात शांत हैं: अफगान एमपी कादिर जजई
वहीं अफगानिस्तान के सांसद कादिर जजई भी इस विमान से दिल्ली पहुंचे। दिल्ली पहुंचने पर कादिर ने कहा कि अफगान सरकार और तालिबान के बीच शांति समझौता था। अब सत्ता हस्तांतरण की प्रक्रिया का पालन हो रहा है। अब काबुल में हालात पूरी तरह से शांत हैं। उन्होंने पाकिस्तान की भूमिका पर सवाल उठाते हुए कहा कि वह तालिबान का बहुत करीबी समर्थक है। कादिर जजई ने कहा कि मेरा परिवार अभी भी काबुल में है। 

महिलाओं को काम करने की इजाजत देगा तालिबान: रिजवानुल्लाह अहमदजई
अफगान राष्ट्रपति के वरिष्ठ सलाहकार रहे रिजवानुल्लाह अहमदजई ने कहा कि अफगानिस्तान के ज्यादातर हिस्सों में शांति है। उन्होंने बताया कि करीब-करीब सभी राजनीतिक व्यक्तियों, जैसे मंत्रियों आदि ने काबुल छोड़ दिया है। करीब 200 लोग दिल्ली आ चुके हैं। अहमदजई ने कहा कि उन्हें पूरी उम्मीद है कि यह नया तालिबान है और यह महिलाओं को काम करने की इजाजत देगा। 

फिर वापस जाऊंगा देश: सैय्यद पक्तियावल
वहीं पक्तिया प्रांत से सांसद सैय्यद पक्तियावल ने अफगानिस्तान के हालात पर चिंता जताई। उन्होंने कहा कि हमारे देश में हालत बहुत खराब है। खासतौर पर आज की रात तो सबसे भयावह है। सैय्यद पक्तियावल ने कहा कि मैं अपना देश नहीं छोड़ना चाहता हूं। मैं यहां बस एक मीटिंग में शामिल होने आया हूं। उन्होंने कहा कि मैं फिर से वापस अफगानिस्तान जाऊंगा। 

ब्रिटेन और अमेरिका ने जारी किया अलर्ट
इस बीच अलग-अलग देश की तरफ से अफगानिस्तान को लेकर चेतावनियां जारी की गई हैं। ब्रिटिश एयरवेज ने अपने पायलटों को आदेश दिया है कि वह अफगान हवाई क्षेत्र में उड़ान भरने से बचें। यह निर्देश वहां पर सुरक्षा हालात को देखते हुए जारी किया गया है। वहीं काबुल में अमेरिकी एंबेसी ने भी सिक्योरिटी अलर्ट जारी किया है। इसमें कहा गया है कि काबुल में सुरक्षा के हालात लगातार बदल रहे हैं। एयरपोर्ट पर भी हालात सामान्य नहीं हैं। एयरपोर्ट पर आग लगने की खबरें भी सामने आ रही हैं। 

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here